ड्राइवर ही निकला लूट की घटना का मास्टरमाइंड

ड्राइवर ही निकला लूट की घटना का मास्टरमाइंड

देहरादून। राजपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत 18 जनवरी की तडके सुबह कन्ट्रोल रूम के माध्यम से थाना राजपुर को सूचना प्राप्त हुई कि राजपुर रोड, सांकिया हॉस्पिटल के समीप स्थित भुवन गांधी के आवास पर कुछ अज्ञात व्यक्तियों द्वारा उनकी माता जी को डराते हुए लूट की घटना को अंजाम दिया है।

उक्त सूचना पर प्रभारी निरीक्षक राजपुर व पुलिस बल तत्काल मौके पर पहुंचे। घटना की सूचना पर उच्चाधिकारियों द्वारा घटना स्थल का निरीक्षण कर घटना के सम्बन्ध में जानकारी प्राप्त की गई। मौके पर पीडित बुजुर्ग महिला से जानकारी करने पर उनके द्वारा बताया गया कि वह अपने पुत्र के साथ उक्त घर में रहती हैं।

उनका पुत्र बीती 16 जनवरी को अपने परिवार को छोड़ने दिल्ली गया हुआ था जिसके अगले ही दिन रात्रि में 02 अज्ञात व्यक्ति उनके कमरे के दरवाजे को खोलते हुए उसमें दाखिल हुए तथा उन्हें डरा धमकाकर कमरे में रखी अलमारी में से ज्वैलरी व नगदी लूट ली तथा उनका मोबाइल फोन को लेकर वहां से फरार हो गये। उक्त घटना के सम्बन्ध में पीडित बुजुर्ग महिला के पुत्र भुवन गांधी द्वारा दी गयी तहरीर के आधार पर पुलिस द्वारा अज्ञात अभियुक्तों के विरूद्ध थाना राजपुर पर सम्बन्धित धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया।

घटना की संवेदनशीलता के दृष्टिगत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा घटना के अनावरण तथा अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु अलग-अलग टीमों का गठन किया गया। गठित टीमों द्वारा घटना स्थल के आस-पास लगे सीसीटीवी कैमरों से संदिग्धों के सम्बन्ध में आवश्यक जानकारियां एकत्रित की गयी।

साथ ही सुरागरसी-पतारसी करते हुए मुखबिर तंत्र को सक्रिय किया गया जिस आधार पर आज मुखबिर की सूचना पर किरसाली चौक से मालदेवता रोड के बीच योगराज फार्म बैंड के पास से चैकिंग के दौरान घटना में शामिल 03 अभियुक्तों शफात अली पुत्र लाल मोहम्मद निवासी ग्राम चौकी थाना सुबह जिला बाराबंकी उत्तर प्रदेश (उम्र 48 वर्ष) हाल किराएदार मुफीद खान काठ बंगला थाना राजपुर देहरादून, नदीम उर्फ गुड्डू पुत्र आशिक अली निवासी मझगांव बाजार शुकुल जिला अमेठी उत्तर प्रदेश (उम्र 38 वर्ष), इश्तियाक उर्फ कुल्ले पुत्र मुनीर निवासी ग्राम खलीज बाहरपुर थाना बाजार शुक्ल जिला अमेठी उत्तर प्रदेश (उम्र 30 वर्ष) हाल किराएदार वीर गब्बर सिंह बस्ती कैनाल रोड थाना राजपुर देहरादून को घटना में लूटी गई ज्वैलरी व नगदी तथा घटना में प्रयुक्त वगानर कार के साथ गिरफ्तार किया गया।

पूछताछ में मुख्य अभियुक्त शफात अली द्वारा बताया गया कि वह पूर्व में वादी के घर पर ड्राइवर का काम करता था तथा कोरोना के दौरान वादी द्वारा उसे काम से हटा दिया था, परन्तु वादी की बुजुर्ग माताजी कभी कभार गुरुद्वारे जाने के लिए अभियुक्त को अपने घर पर बुलाती थी। घटना से पूर्व अभियुक्त द्वारा बीती 16 जनवरी को वादी के नौकर को फोन कर माता जी के गुरुद्वारे जाने के संबंध में जानकारी की तो नौकर द्वारा घर के मालिक व उनके पुत्र के बाहर जाने के कारण माताजी के गुरूद्वारे न जाने की बात शफात अली को बताई गयी थी।

बुजुर्ग महिला के घर पर अकेले होने की जानकारी मिलने पर अभियुक्त द्वारा घर मे लूट की योजना बनाई गई तथा 17 जनवरी की रात्रि में अभियुक्त अपने साले नदीम तथा अपने एक अन्य रिश्तेदार के इश्तियाक के साथ रात्रि करीब 10 बजे नदीम की वेगानर कार से वादी के घर के पास पहुँचा, जहां अभियुक्त नदीम ने दोनो को घर की पिछली तरफ उतार दिया तथा कार को सांई मन्दिर के पास सुनसान जगह पर छिपाकर खडा कर दिया, जिससे कोई उन पर शक न कर सके तथा वापस पैदल-पैदल दोनो अभियुक्तों के पास पहुंचा।

तीनो अभियुक्त वादी के घर के पिछले हिस्से में अँधेरे का फायदा उठाकर दीवार के पुश्ते पर चढ़कर वादी के घर के परिसर में दाखिल हुए। चूंकि अभियुक्त अकसर वादी के घर पर आया जाया करता था तो उसे जानकारी थी कि उनके घर पर कोई सीसीटीवी कैमरा नहीं लगा है। घर के आसपास घूमते हुए अंदर घुसने का प्रयास के दौरान उनकी नजर घर की एक खिड़की पर पड़ी, जिसे घर में हवा के वेंटिलेशन के लिए खुला छोड़ा गया था।

अभियुक्त व उसके साथी उक्त खिड़की से वादी के घर में घुसे तथा अभियुक्त के साथियों द्वारा बुजुर्ग महिला को डरा धमका कर घर से ज्वैलरी तथा नगदी लूट ली। घटना के बाद तीनों अभियुक्त अपने अपने किराये के कमरे में चले गये, जहां से तीनों अभियुक्त आज वापस अपने घरों को भगाने की फिराक में थे, पर पुलिस द्वारा चेकिंग के दौरान उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।