कहीं और सगाई पर भड़की प्रेमिका, पांच लाख में दी प्रेमी की हत्या की सुपारी

कहीं और सगाई पर भड़की प्रेमिका, पांच लाख में दी प्रेमी की हत्या की सुपारी

देहरादून। प्यार में धोखा देने पर प्रेमिका ने बैंक कर्मी की फिरौती दी थी। पुलिस ने प्रेमिका को उसके साथी के साथ गिरफ्तार कर उनको न्यायालय में पेश किया जहां से उनको न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया। शनिवार को यहां इसकी जानकारी देते हुए एसपी अपराध जितेन्द्र चौधरी ने बताया कि साक्षी चौहान पुत्री स्व. अशोक कुमार निवासी डीएसपी चौक बड़ोवाला थाना पटेलनगर द्वारा कोतवाली पटेलनगर जनपद देहरादून पर आकर तहरीर दी गयी कि वह तथा उनका फुफेरा भाई सत्यम कुमार पुत्र स्व. नौभार सिंह निवासी भगवानवाला थाना धामपुर जिला बिजनौर उत्तर प्रदेश हाल पता डीएसपी चैक बड़ोवाला थाना पटेल नगर देहरादून आज दिनांक 08 सितम्बर को समय करीब पौने आठ बजे वी मार्ट मण्डी चौक से अपनी स्कूटी से अपने घर की ओर जा रहे थे।

इस दौरान जीओ पेट्रोल पम्प से करीब 200 मी. आगे बडोवाला की ओर उनके पीछे से आ रहे मोटर साईकिल सवार दो लड़को द्वारा उनकी स्कूटी के आगे अपनी मोटर साईकिल को रोक कर उन्हें जान से मारने की नियत से उन पर फायर कर दिया, जिसमे उनका भाई गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी। घटना की गंभीरता के दृष्टिगत उसके खलासे तथा घटना में शामिल व्यक्तियों की गिरफ्तारी हेतु वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक देहरादून द्वारा दिए गए निर्देशों पर कोतवाली पटेल नगर पर तत्काल अलगकृअलग टीमों का गठन किया गया।

गठित टीमों द्वारा 11 सितम्बर को घटना में शामिल अंकित चौहान पुत्र ध्रुव नारायण निवासी सोसायटी रोड लक्सर, केशव नगर, हरिद्वार को गिरफ्तार कर लिया जबकि उसका साथी अंकुर फरार हो गया। पूछताछ में उसके द्वारा रानीपुर निवासी अपने परिचित मोहित के माध्यम से उससे मिली एक युवती मालिया रहमान के कहने पर कुछ दिन पूर्व अपने साथी अंकुर के साथ मिलकर बड़ोवाला क्षेत्र में एक बैंक कर्मी को जान से मारने की नीयत से उस पर फायरिंग करने तथा आज मोहित व मालिया के कहने पर घटना में शामिल अपने साथी अंकुर के साथ फिरौती की बची हुई रकम को लेने देहरादून वापस आने की बात बतायी।

आरोपी से पूछताछ के आधार पर घटना में प्रकाश में आई मुख्य मालिया रहमान तथा उसके साथी मोहित की तलाश हेतु पुलिस टीम द्वारा त्वरित कार्यवाही करते हुए इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के माध्यम से प्राप्त सूचनाओं के आधार पर दोनों आरोपियों को देर रात्रि आईएसबीटी के पास से गिरफ्तार किया गया। घटना में शामिल एक अन्य अंकुर की तलाश हेतु पुलिस द्वारा लगातार उसके संभावित ठिकानों पर दबिशें दी जा रही है।

पूछताछ में घटना की मुख्य षड्यंत्रकर्ता मालिया रहमान द्वारा बताया गया कि वर्ष 2020 से वर्ष 2023 तक वह उज्जीवन बैंक हरिद्वार में कार्यरत थी, इस दौरान उसकी मुलाकात बिजनोर निवासी सत्यम कुमार से हुई थी, जो उसके साथ उक्त बैंक में काम करता था, जिसके बाद दोनों एक दूसरे से प्रेम करने लगे। वर्ष 2023 में अपने घर वालो के दबाव में उसने सहारनपुर निवासी एक व्यक्ति से निकाह कर लिया, तथा उज्जीवन बैंक से नौकरी छोड़कर उत्कर्ष बैंक में नौकरी शुरू कर दी।

शादी के बाद भी सत्यम लगातार उसे फोन करता रहता था तथा वे दोनों एक दूसरे के संपर्क में थे, जिस कारण उसकी शादी टूट गयी और वह अपने मायके में रहने लगी, इस बीच वर्ष 2025 में सत्यम उज्जीवन बैंक की देहरादून शाखा में आ गया। सत्यम लगभग चारकृपांच सालों तक उसके संपर्क में रहते हुए उसे शादी का झांसा देता रहा तथा फरवरी 2026 में उसने किसी अन्य लड़की से सगाई कर ली।

सगाई के बाद सत्यम ने धीरेकृधीरे उससे बात करना बंद कर दिया और फेसबुक, व्हाट्सएप व अन्य सोशल मीडिया साइट्स पर भी उसे ब्लॉक कर दिया। सत्यम द्वारा दिये गये धोखे से आहत होकर मालिया ने सत्यम को रास्ते से हटाने की योजना बनाई तथा अपने एक साथी मोहित के माध्यम से वह अंकित चैहान जो पूर्व में भी आपराधिक घटनाओं में जेल जा चुका है, से मिली तथा सत्यम को मारने के एवज में उसे मोटी धनराशि देने का ऑफर देते हुए उसे 5 लाख देने की बात कही तथा एडवांस्ड के तौर पर उसे 01 लाख 20 हजार रुपए दिए तथा बाकी की रकम सत्यम को रास्ते से हटाने के बाद देने की बात कही गई।

मालिया द्वारा अंकित चैहान को सत्यम की फोटो देते हुए देहरादून में उज्जीवन बैंक का कार्यालय दिखाया गया था। योजना के अनुसार 08 सितम्बर को अंकित अपने एक अन्य साथी अंकुर के साथ घटना को अंजाम देने के लिए देहरादून आया तथा शिमला बायपास रोड पर बड़ोवाला में एक सुनसान स्थान पर उसके द्वारा सत्यम की स्कूटी को ओवरटेक करते हुए उसे जान से मारने की नियत से उस पर फायर कर दिया, गोली की आवाज सुनकर वहाँ काफी लोग इकट्ठा हो गए, जिस पर दोनों आरोपी पकड़े जाने के डर से मौके से फरार हो गए।

घटना के बाद मालिया को अज्ञात व्यक्ति द्वारा सत्यम को गोली मारने तथा घटना में केवल उसके घायल होने की जानकारी मिली, जिस पर उसके द्वारा अपने साथी मोहित के माध्यम से अंकित चैहान से सम्पर्क किया तथा आज वह अपने साथी मोहित के साथ अंकित चौहान से मिलने देहरादून आई थी। जहां पटेलनगर क्षेत्र में आईएसबीटी के पास से पुलिस द्वारा उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया। पुलिस ने उनको न्यायालय में पेश किया जहां से उनको न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया।