स्वास्थ्यकर्मियों को गृह जनपद में मिले तैनाती : उनियाल

स्वास्थ्यकर्मियों को गृह जनपद में मिले तैनाती : उनियाल

देहरादून। राजकीय दून मेडिकल कॉलेज संबद्ध दून चिकित्सालय में मंगलवार को अंतरराष्ट्रीय नर्सिंग दिवस हर्षाेल्लास और उत्साह के साथ मनाया गया। कार्यक्रम में उत्तराखंड के स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा मंत्री सुबोध उनियाल मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।

इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि चिकित्सक, नर्सिंग अधिकारी, सहायक चिकित्सा कर्मी और अन्य स्वास्थ्यकर्मी स्वास्थ्य व्यवस्था रूपी एक ही शरीर के अलग-अलग अंग हैं। बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं के लिए सभी के बीच आपसी समन्वय, सम्मान और सहयोग बेहद जरूरी है।

स्थानांतरण नीति पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि सरकार पारदर्शिता को सर्वाेच्च प्राथमिकता दे रही है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्यकर्मियों को यथासंभव उनके गृह जनपद में तैनाती देने का प्रयास किया जाएगा, ताकि वे बेहतर मनोयोग से सेवाएं दे सकें। उन्होंने कोविड-19 महामारी के दौर को याद करते हुए कहा कि नर्सिंग समुदाय की संवेदनशीलता, समर्पण और अथक सेवा के कारण हजारों मरीजों की जान बचाई जा सकी।

उन्होंने कहा कि अस्पताल पहुंचने वाला हर मरीज भाव, अभाव और प्रभाव की संवेदनाओं के साथ आता है। ऐसे में नर्सिंग सेवा केवल उपचार तक सीमित नहीं, बल्कि मानवीय संवेदना, करुणा और विश्वास का प्रतीक भी है। कार्यक्रम में नर्सिंग अधिकारियों द्वारा रंगारंग सांस्कृतिक प्रस्तुतियां भी दी गईं। पहाड़ी लोकसंगीत और लोकनृत्य ने सभी का मन मोह लिया।

वहीं चिकित्सा शिक्षा विभाग के अंतर्गत पृथक नर्सिंग नियमावली बनाए जाने की मांग भी स्वास्थ्य मंत्री के सामने उठाई गई। इस मौके पर बड़ी संख्या में चिकित्सक, नर्सिंग अधिकारी, सहायक चिकित्सा कर्मी और अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।

कार्यक्रम के दौरान नर्सिंग अधिकारियों ने नर्सिंग दिवस भत्ता, चिकित्सालय भत्ता और गणवेश भत्ता समेत विभिन्न मांगें मंत्री के समक्ष रखीं। इस पर मंत्री ने सकारात्मक रुख अपनाते हुए कहा कि गणवेश भत्ता जल्द उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने नर्सिंग समुदाय के सम्मान और गरिमा की रक्षा के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता भी दोहराई।